• बाबा सूरदास गौशाला

    सेवा ट्रस्ट(सै.-37, फ़रीदाबाद)

    खून से लथपथ हर दिन, छप रहे अखबार है। गाय के आगे हाथ जोड़े, मुल्क की सरकार है।

  • बाबा सूरदास गौशाला

    सेवा ट्रस्ट(सै.-37, फ़रीदाबाद)

    खून से लथपथ हर दिन, छप रहे अखबार है। गाय के आगे हाथ जोड़े, मुल्क की सरकार है।

  • बाबा सूरदास गौशाला

    सेवा ट्रस्ट(सै.-37, फ़रीदाबाद)

    खून से लथपथ हर दिन, छप रहे अखबार है। गाय के आगे हाथ जोड़े, मुल्क की सरकार है।

Sewa Trust (Regd. No. 9632)

"Greetings from Sewa Trust!
Sewa Trust is a Non-Government and Non Profit making organization, established to work in the areas of Gausewa, Education, relief of poor, and have their own bajan mandli.
THE SEWA TRUST, a devoted esteemed social organization working for creating social awareness on Save Environments, Save Cows, Have Promotion, development & empowerment programs for Government school’s Students,
Save Nature and Save Cows has been the core areas of the organization. skill building and women empowerment is also in pipeline to do.

गोलक पेटी

"बाबा सूरदास गौशाला (सै.-37, फ़रीदाबाद)


गो भक्तों की प्रतिदिन गउ माता के लिए कुछ राशि अर्पित करने की इच्छा को पूरा करने के लिए यह योजना चलाई गई है। गउ माता की धातु से निर्मित अत्यन्त आकर्षक मूर्ति को गोलक पेटी का स्वरूप दिया गया है। गोभक्त यह मूर्ति गउशाला से सशुल्क प्राप्त कर अपने घर या कार्यालय में रख सकते है। और अपनी सुविधानुसार किसी भी समय इस पेटी में राशि डाल सकते है। गोलक पेटी भर जाने पर गोभक्त स्वयं इसे गउशाला पहुंचा कर इस की रसीद प्राप्त कर सकता है या गउशाला को फोन कर वहां से सेवक को बुलाकर इसे खुलवाकर रसीद प्राप्त कर सकता है इस योजनाओं में समर्पित राशि से गउमाता को उल्लेखनीय सहयोग प्राप्त होता है।

गाय का मान ही राम का मान है। राम का जन्म गौ का ही वरदान है॥ गाय के वंश से भूमि हँसती सदा।

1200

गायों को बचाया

इन गायों को कत्लखानों से और क्रूर परिवहन के दौरान बचाया जाता है।

160

घायल हो गईं- बचाई गई गाय

बचाई गई गाय घायल हो गई थीं और लापरवाह ड्राइवर अक्सर गायों के लिए खतरा होते हैं। कभी-कभी उन्हें गंभीर रूप से घायल कर देते हैं। हम इन गायों को बचाते हैं और उन्हें जीवन भर सुरक्षा और चिकित्सा प्रदान करते हैं।

500

गायें कुपोषण थीं

बैल बछड़ों को अक्सर क्रूर किसानों द्वारा दूध का अपना किराया हिस्सा देने से मना कर दिया जाता है। हम उन बछड़ों को बचाते हैं और उन्हें जीवन पर्यंत दक्षिण वृंदावन में लाते हैं।

5

Rikshaw's

We have total 5 Cow Rikshaw for collection of waste food and grass etc.

Amount

  • Rs. 101/-
  • Rs. 1,001/-
  • Rs. 11,000/-
  • Rs. 2,100/-
  • Rs. 1,100/-